शुक्रवार, 28 दिसंबर 2018

पहचान मिल सके

करें ऐसा काम कि नई पहचान मिल सके।
सफलता का शिखर नया सोपान मिल सके।
नवनिर्माण के पथ पर सब बढ़ते जाएँ नित,
आने वाले कल को नया जहान मिल सके।।

तोषण कुमार चुरेन्द्र

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