बदरा रानी बदरा रानी
लेते आना भर भर पानी
बड़ी राह निहारत बैठे
झूम के नाचे मयुरा रानी
ऋतु सावन तुझे प्यारी
लगे धरती न्यारी न्यारी
सौंधी खुशबू मिट्टी की
है महके क्यारी क्यारी
अब ना तुम लगाओ देर
राह निहारत आंखें टेर
बरस अब कारे बदरा
समय बीते हो गयी ढेर
छाएगी मगन हरियाली
बात बोले कोयल काली
हो जगत सारा खुशहाल
जैसे सारी दुनिया पाली
तोषण कुमार चुरेन्द्र
9617589667
29_06_19
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