मेरे प्यारे हिंदुस्तान की
हर बात ही निराली।
रक्षक देश की सीमा पर खेलते होली दीवाली।
हिम आवली पर तिरंगा लहर-लहर लहराया
महासागर हिन्द करता हम सबकी रखवाली।
बहती जहां गंगा यमुना गाय को मां बुलाती।
त्याग और तप की गाथा कवि की वाणी गाती।
राम कृष्ण जन्म लिया मां भारती के आंगन में।
तुझको कसम है मिट्टी की न लगाना दाग दामन में।
-आचार्य तोषण
रक्षक देश की सीमा पर खेलते होली दीवाली।
हिम आवली पर तिरंगा लहर-लहर लहराया
महासागर हिन्द करता हम सबकी रखवाली।
बहती जहां गंगा यमुना गाय को मां बुलाती।
त्याग और तप की गाथा कवि की वाणी गाती।
राम कृष्ण जन्म लिया मां भारती के आंगन में।
तुझको कसम है मिट्टी की न लगाना दाग दामन में।
-आचार्य तोषण
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