दर से तेरे ऐ खुदा खाली हाथ न जाऊंगा
यकीं मुझे है तुझपे मन की मुरादें पाऊंगा
बरसाते रहना रहमोकरम मुझ पर अपनी
हर इक दफ़ा तेरा ही गजल गुनगुनाऊंगा।
यकीं मुझे है तुझपे मन की मुरादें पाऊंगा
बरसाते रहना रहमोकरम मुझ पर अपनी
हर इक दफ़ा तेरा ही गजल गुनगुनाऊंगा।
मुझको प्यार भी तुझसे है और ऐतबार भी
इनकार भी है मौला तुझसे और इजहार भी
रश्मियाँ बिखेरेंगे आफताब जब तलक जहान में
आता रहेगा नाम तेरा ईश्वर या परवरदिगार भी
आचार्य तोषण
इनकार भी है मौला तुझसे और इजहार भी
रश्मियाँ बिखेरेंगे आफताब जब तलक जहान में
आता रहेगा नाम तेरा ईश्वर या परवरदिगार भी
आचार्य तोषण
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